6 दिन तक ‘खराब’ रहेगी दिल्ली की हवा! ग्रेटर नोएडा में AQI 220 पार, जानें सावधानियां

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6 दिन तक ‘खराब’ रहेगी दिल्ली की हवा! ग्रेटर नोएडा में AQI 220 पार, जानें सावधानियां
फोटो: आकाशवाणी (newsonair.gov.in) / AP — प्रतीकात्मक तस्वीर

दिल्ली-NCR में रहने वालों के लिए चिंता बढ़ाने वाली खबर है। दिल्ली प्रदूषण का स्तर एक बार फिर खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया है और सोमवार 19 अक्टूबर से राजधानी की हवा अगले छह दिनों तक ‘खराब’ श्रेणी में रहने का अनुमान है। पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय के पूर्वानुमान के मुताबिक, दिल्ली का एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) अब लगातार कई दिनों तक 200 के पार बना रह सकता है।

ताजा आंकड़ों के अनुसार, ग्रेटर नोएडा में AQI 220 दर्ज किया गया है, जो ‘खराब’ श्रेणी में आता है। वहीं, दिल्ली में 135, नोएडा में 136, गाजियाबाद में 171, गुरुग्राम में 125 और फरीदाबाद में 112 AQI दर्ज हुआ है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के पैमाने पर 101 से 200 के बीच AQI ‘मध्यम’ और 201 से 300 के बीच ‘खराब’ माना जाता है।

इस बार प्रदूषण का मौसम समय से पहले शुरू हुआ है। अक्टूबर के पहले चार दिनों (1 से 4 अक्टूबर) में दिल्ली का औसत AQI 174.5 रहा, जो 2020 के बाद इस अवधि का सबसे ज्यादा प्रदूषण है। 4 अक्टूबर को AQI 187 तक पहुंच गया था और शहर के 43 में से 14 मॉनिटरिंग स्टेशनों पर ‘खराब’ श्रेणी दर्ज हुई थी। मानसून की जल्दी विदाई, गिरता तापमान, ठहरी हवाएं, पराली जलाने की घटनाएं और निर्माण धूल — ये सब मिलकर हवा को जहरीला बना रहे हैं।

दिल्ली प्रदूषण से फेफड़ों को खतरा, इन बातों का रखें ध्यान

भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान (IARI) के सैटेलाइट डेटा के मुताबिक, रविवार 18 अक्टूबर को एक ही दिन में सात राज्यों में पराली जलाने की 208 घटनाएं दर्ज हुईं। विशेषज्ञों के अनुसार, PM2.5 जैसे बारीक कण फेफड़ों में गहराई तक पहुंच जाते हैं। ‘नेचर’ जर्नल में छपी एक स्टडी के मुताबिक, लंबे समय तक इन कणों वाली हवा में सांस लेने से धूम्रपान न करने वालों में भी फेफड़ों के कैंसर का खतरा बढ़ सकता है।

ऐसे में सेहत का ख्याल रखना बेहद जरूरी है। अस्थमा, फेफड़ों की पुरानी बीमारी या दिल के मरीजों को बाहर ज्यादा मेहनत वाले काम से बचना चाहिए। सुबह-शाम जब प्रदूषण चरम पर हो, तो खिड़कियां बंद रखें और बाहर निकलते समय N95 मास्क जरूर पहनें। घर में एयर प्यूरीफायर का इस्तेमाल और पर्याप्त पानी पीना भी फायदेमंद रहता है।

गौरतलब है कि दिवाली (रविवार 8 नवंबर) अभी बाकी है, जिसके बाद हालात और बिगड़ सकते हैं। वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) ने 48 एक्शन वाला संशोधित ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान (GRAP) पहले ही मंजूर कर दिया है और जल्द ही पहले चरण की पाबंदियां लागू हो सकती हैं। सेहत से जुड़ी किसी भी परेशानी पर डॉक्टर से सलाह जरूर लें। शहरी भारतीयों की सेहत पर एक बड़ी रिपोर्ट यहां पढ़ें। इस चेतावनी की पूरी जानकारी इस रिपोर्ट में देखी जा सकती है।

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