भारतीय क्रिकेट टीम के स्टार ऑलराउंडर हार्दिक पंड्या की चोट ने टीम प्रबंधन की चिंता बढ़ा दी है। ताजा रिपोर्ट्स के मुताबिक हार्दिक इस साल के बाकी बचे घरेलू कार्यक्रम में टीम इंडिया के लिए नहीं खेल पाएंगे और उनकी सीधी वापसी IPL 2027 में ही संभव मानी जा रही है। उनकी बाईं पिंडली (काफ) की भीतरी तरफ की स्ट्रेस इंजरी अब भी पूरी तरह ठीक नहीं हुई है और वे फिलहाल बेंगलुरु के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में रिहैबिलिटेशन से गुजर रहे हैं।
हार्दिक पंड्या की चोट कितनी गंभीर है?
जागरण की रिपोर्ट के अनुसार हार्दिक अब से करीब तीन हफ्ते बाद ही जॉगिंग शुरू कर पाएंगे, हालांकि इसके बाद आठ हफ्तों तक उनका रनिंग वर्कलोड धीरे-धीरे बढ़ाया जाएगा। उनकी मेडिकल रिपोर्ट की समीक्षा जाने-माने ऑर्थोपेडिक सर्जन डॉ. दिनशॉ पारदीवाला ने की है और उन्होंने सावधानी से स्ट्रेंथ ट्रेनिंग बढ़ाने की सलाह दी है। वहीं अभी तक यह तय नहीं हो पाया है कि हार्दिक पूरी तरह मैच-फिट कब होंगे, क्योंकि चोट के दोबारा उभरने का खतरा बना हुआ है। news18 की रिपोर्ट के मुताबिक भी उनकी वापसी का कोई पक्का समय तय नहीं है।
इस लंबी रिहैबिलिटेशन का असर भारत के घरेलू कार्यक्रम पर पड़ेगा। हार्दिक 13 दिसंबर से श्रीलंका के खिलाफ घरेलू वनडे और टी20 सीरीज के साथ-साथ 3 जनवरी से जिम्बाब्वे के खिलाफ वनडे सीरीज से भी बाहर रह सकते हैं। इसके अलावा सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी और विजय हजारे ट्रॉफी का घरेलू सत्र भी उनके पूरी तरह ठीक होने से पहले खत्म हो चुका होगा। वहीं IPL 2027 मार्च-अप्रैल में प्रस्तावित है, इसलिए फ्रेंचाइजी क्रिकेट ही उनकी वापसी का सबसे संभावित मंच माना जा रहा है।
टी20 वर्ल्ड कप के बाद से मैदान से दूर हार्दिक
हार्दिक ने इस साल की टी20 वर्ल्ड कप फाइनल के बाद से टीम इंडिया की जर्सी नहीं पहनी है, जबकि उनका आखिरी वनडे चैंपियंस ट्रॉफी 2025 का फाइनल था। इसके बाद अफगानिस्तान के खिलाफ घरेलू सीरीज और न्यूजीलैंड दौरे पर उनकी वापसी की उम्मीदें थीं, लेकिन हर बार चोट उनके आड़े आ गई। साथ ही इंडिया ए टीम में ऑस्ट्रेलिया ए के खिलाफ नाम आने के बावजूद फिटनेस के पैमाने पर खरे न उतरने से वे उस मौके से भी चूक गए।
94 वनडे में 1904 रन और 91 विकेट तथा 138 टी20 अंतरराष्ट्रीय में 2288 रन और 114 विकेट अपने नाम करने वाले हार्दिक व्हाइट-बॉल क्रिकेट में भारत के भरोसेमंद ऑलराउंडरों में गिने जाते हैं। चोटों की वजह से वे लंबे समय से मैदान से दूर हैं, लेकिन प्रशंसकों के बीच उनकी लोकप्रियता बरकरार है — एक प्रशंसक से मुलाकात की कहानी भी चर्चा में रही। टीम इंडिया के लिए उनकी गैरमौजूदगी अब लंबे समय की चिंता बनती जा रही है।






