भारत के तेज गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार ने शनिवार को बेंगलुरु में वेस्टइंडीज के खिलाफ पांचवें टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच में खेलकर करीब चार साल का इंतजार खत्म कर दिया। उन्होंने अपना आखिरी टी20 मैच 22 नवंबर 2022 को खेला था, यानी 1425 दिनों के लंबे अंतराल के बाद उनकी वापसी हुई। इस दौरान भारतीय टीम ने लगातार 104 टी20 मैच खेले, जिसमें वह हिस्सा नहीं ले सके — यह भारत के लिए दो टी20 मैचों के बीच सबसे लंबा अंतराल का संयुक्त रिकॉर्ड है।
यह वापसी बारिश से प्रभावित मुकाबले में हुई, जो महज 9-9 ओवरों का हो गया था। हालांकि, दरअसल खेल के लिए भुवनेश्वर का मैदान पर लौटना ही सबसे बड़ी खबर बन गई। 5वें टी20 में भारत ने 7.4 ओवर में 5 विकेट पर 118 रन बनाए थे, जब बारिश ने फिर खलल डाल दिया और मैच रद्द करना पड़ा। ईशान किशन ने 10 गेंदों पर 30 रन और नमन धीर ने 6 गेंदों पर नाबाद 24 रन की धमाकेदार पारियां खेलीं। इसके बाद सीरीज 2-2 से बराबर रही और ट्रॉफी दोनों टीमों ने साझा की।
भुवनेश्वर कुमार को न्यूजीलैंड दौरे के लिए मिला मौका
भुवनेश्वर कुमार की इस वापसी के पीछे एक बड़ी वजह न्यूजीलैंड के खिलाफ आगामी टी20 सीरीज के लिए उनका टीम में चयन है। वहीं, अंतरराष्ट्रीय ड्यूटी के चलते उन्होंने हांगकांग सिक्सेस टूर्नामेंट से नाम वापस ले लिया, जहां अब क्रुणाल पंड्या टीम की कप्तानी करेंगे और कुलवंत खेजरोलिया उनकी जगह लेंगे। इस बीच, वेस्टइंडीज के कोच डैरेन सैमी ने कहा कि 2-2 की बराबरी दोनों टीमों के खेल का सही प्रतिबिंब है। भुवनेश्वर के राष्ट्रीय टीम में लौटने की पहले की खबर में इस पूरे घटनाक्रम की पृष्ठभूमि समझी जा सकती है।
अगर सीरीज की बात करें तो वेस्टइंडीज ने भारत में अब तक की सर्वश्रेष्ठ टी20 प्रदर्शन में से एक दिखाया। टीम ने भारत में पहले की तीन टी20 सीरीजों में से सभी हारी थीं, लेकिन इस बार 2-2 से बराबरी कर इतिहास रच दिया। भारत ने रैंकिंग में दूसरा स्थान बरकरार रखा, हालांकि उसके दो रेटिंग अंक घटे। विजडन के अनुसार, भुवनेश्वर का 1425 दिनों का गैप खलील अहमद के साथ भारत का संयुक्त सबसे लंबा टी20 गैप है।






